छत्तीसगढ़
नवरात्रि पर्व को लेकर दुर्ग पुलिस सतर्क, दुर्गोत्सव समितियों को दिए गए सख्त निर्देश

दुर्ग। आगामी नवरात्रि पर्व (22 सितम्बर 2025 से प्रारंभ) को शांतिपूर्ण और सुरक्षित ढंग से मनाने के लिए पुलिस प्रशासन ने तैयारी तेज कर दी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल के निर्देश पर पुलिस कंट्रोल रूम भिलाई में सोमवार को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) सुखनंदन राठौर ने दुर्गोत्सव आयोजन समितियों के अध्यक्षों और सदस्यों की बैठक ली।
बैठक में निम्नलिखित महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए गए—
- अनुमति अनिवार्य: आयोजन से पहले संबंधित अनुविभागीय दंडाधिकारी से अनुमति लेना अनिवार्य होगा।
- ध्वनि नियंत्रण: उच्चतम व उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्र और डी.जे. का उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
- सुरक्षा इंतज़ाम: पंडाल और पार्किंग स्थलों पर पर्याप्त सीसीटीवी कैमरे लगाने और हर रात वालंटियर की तैनाती जरूरी होगी। सभी वालंटियर का सत्यापन कर उनकी सूची संबंधित थाना/चौकी को देनी होगी।
- पार्किंग व्यवस्था: वाहनों की अलग पार्किंग की व्यवस्था की जाए, जिससे यातायात बाधित न हो। पार्किंग शुल्क वसूलने पर कड़ी कार्रवाई होगी।
- श्रद्धालुओं की सुविधा: पुरुषों, महिलाओं और बच्चों के लिए अलग-अलग प्रवेश और निकास मार्ग बनाए जाएंगे। झांकियों में पर्याप्त आगमन और निर्गमन द्वार रखना अनिवार्य होगा।
- सांस्कृतिक कार्यक्रम: कार्यक्रम की सूचना संबंधित थाना/चौकी को कम से कम एक दिन पहले देनी होगी।
- धार्मिक सौहार्द: किसी भी समुदाय, जाति या धर्म की भावनाओं को ठेस न पहुंचे, इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा।
- विसर्जन नियम: प्रतिमा विसर्जन केवल निर्धारित नदी या तालाबों में तय तिथि और समय पर ही किया जाएगा।
बैठक में नगर पुलिस अधीक्षक दुर्ग, भिलाई नगर, छावनी सहित सभी थाना/चौकी प्रभारी और 125 से अधिक दुर्गोत्सव आयोजन समिति के सदस्य उपस्थित रहे। पुलिस ने अपील की कि सभी समिति सदस्य आपसी सौहार्द बनाए रखते हुए नवरात्रि पर्व को शांति और कानून-व्यवस्था के साथ संपन्न कराएं।














